बहुत से डॉक्टर हमें खून की जाँच का महत्त्व बताते हैं। शरीर में खून की कमी होने के कारण ‘अनीमिया’ होता है। आज-कल दौड़ धूप
‘Phyto’ means plant, and phytonutrients, also called phytochemicals, come from plants. Phytonutrients are a relatively recent discovery in the nutrition world and are turning out
यदि आपके सिर के बाल कम हों तो पत्तागोभी खूब चबा-चबाकर खाएँ। इससे बाल घने हो जाएँगे। बालों को लंबा करने के लिए लौकी बहुत
गर्भवतीने स्त्रीने आहाराकडे विशेष लक्ष देणे अतिशय गरजेचे असते. आहारापासून जो आहार रस तयार होतो त्यापासून गर्भाचे पोषण आणि वाढ होत असते. गर्भावस्थेत फोलिक ऐसिड,
हरड़, बहेड़ा और आँवला सर्वत्र मिलते हैं। ये हानिरहित तीन फल हैं, जिसमें सैकड़ों गुण हैं। इन तीनों फलों में कई कीमती विटामिन और धातु
महाआसमानी परम ज्ञान ऑनलाइन शिविर शिविर तीन भागों में लिया जाएगा: पहला भाग: फाउंडेशन ट्रुथ: 3 और 4 दिसंबर 2022 दोपहर 01:00 to 05:30PM (रिपोर्टिंग समय:
जन्म के पहली साँस के साथ शुरू होता है विकास। विकास केवल शारीरिक ही नहीं बल्कि मानसिक बौद्धिक, सामाजिक एवं आध्यात्मिक विकास भी होता है।
आज-कल गुर्दे की पथरी की समस्या आम हो गई है। हमारा खान-पान, विहार-विचार, आधुनिकता से बढ़ती धारणाएँ, निसर्ग पर हो रहा प्रदूषण, प्रदूषण के प्रभाव
हींग एक ऐसा पदार्थ है, जो प्रायः सभी जगह सहजता से उपलब्ध होता हैऔर इस्तेमाल किया जाता है। इसे रसोईघर के मसालों में प्रमुख स्थान
अनार शब्द सुनते ही एक कहावत का स्मरण हो जाता है ‘एक अनार सौ बीमार।’ चौकिए मत, अनार बीमारियों का घर नहीं है, बल्कि यह
शरीर हमेशा स्वस्थ कैसे रहे, उसका संपूर्ण समाधान मिला।“सम्पूर्ण स्वास्थ्य शिविर” क्यों करना चाहिए?Holistic Health Retreat – Participant Feedback
‘स्वास्थ्य के लिए विचार नियम’ कोई साधारण पुस्तक नहीं है| इस पुस्तक में दिए गए सूत्र साफ, सरल और बेहद शक्तिशाली हैं| वे संपूर्ण स्वास्थ्य
“बिना दवाई लिए कैसे ठीक होना है पता चला““सम्पूर्ण स्वास्थ्य शिविर” क्यों करना चाहिए?Holistic Health Retreat – Participant Feedback
जिस तरह हर त्रिकोण बनता है तीन कोनों से, उसी तरह स्वास्थ्य त्रिकोण बनता है स्वास्थ्य के तीन कोनों से। ये महत्वपूर्ण तीन कोने हैं-
पर्यावरण प्रदूषण, खेती में विषैले रसायनों का प्रयोग, अधिक मात्रा में एंटीबायोटिक औषधियों का सेवन, गलत आहार-विहार, आधुनिक जीवनशैली के कारण कैंसर रोगियों की संख्या
हमारे यहाँ नारी के लंबे बालों को उसका सौंदर्य बढ़ानेवाला बताया जाता है। इसी को ध्यान में रखते हुए काफी समय से तमाम छोटी-बड़ी और
सूर्य के पराबैंगनी व अवरक्त प्रकाश में अधिक रह जाने से शरीर धूप में झुलस जाता है। शुरू में त्वचा पर लाल चकते नज़र आते
आजच्या या आरामदायी पण प्रचंड धावपळीच्या युगामध्ये आपण आपल्या पाठीच्या कण्याकडे लक्ष देेणे फार जरूरीचे झाले आहे. कोणत्याही वाहनाच्या चाकाचा कणा जर नाजुक असेल तर
मस्तिष्क यानी वह महत्वपूर्ण हिस्सा, जो हमारे पूरे शरीर और उसकी प्रक्रियाओं पर नियंत्रण रखता है। मस्तिष्क को दो हिस्सों में विभाजित किया जाता है।
आज के युग की सामान्य समस्या यानी हाइपर एसिडिटी। सभी कभी ना कभी इससे परेशान होते हैं लेकिन निरंतर या बार-बार एसिडिटी होना बेहद गंभीर
Dr. Makarand Paranjpe, Pune Shivir was very well planned and executed. It was very informative as well as very practical. Everything was being done with
श्री. रविंद्र निंबाळकर, मो. नं. 9850718677 पहिल्या दिवशी आल्यानंतर इथे जे सेवेकरी आहे, त्यांनी खूप छान गाईड केले. येथे भेटणारे जे शिवाम्बू चिकित्सा आहे, ते जे
इलाज कैसे करें? नींद इंसान को प्रकृति द्वारा दिया गया वरदान है जो शरीर को तरोताजा करके नया जीवन प्रदान करती है। नींद के पश्चात
“Doctor, I am feeling very uneasy and restless. There are a lot of thoughts crowding my brain. I just cannot concentrate on anything. I am
हर लाइलाज समस्या का इलाज आपके अंदर है – अदृश्य शक्ति के चमत्कार और सात लाभ आज हर इंसान अपने हाथ में वह मोबाईल लिए घूम
इस लेख में ‘के 11 अकादमी ऑफ फिटनेस सायन्सेस’ के Executive Director मयूर सबनीस जी एक बहुत ही महत्वपूर्ण विषय की जानकारी देनेवाले हैं और
स्नेहल दिघे, पुणे, मो. नं. 8237726478 संपूर्ण स्वास्थ्य प्रशिक्षण शिवीर बहुत ही सुंदर रहा। शिवीर का स्ट्रक्चर, एजेंडा, प्लानिंग, डाइट, अमृतपान…सब सब ब्लोइंग: ताकि सच में माइंड ब्लो हो
“सर्दी की दिक़्क़त ठीक हुई सिर्फ़ ५ दिन मे“ “सम्पूर्ण स्वास्थ्य शिविर” क्यों करना चाहिए? Holistic Health Retreat – Participant Feedback
प्रस्तुत पुस्तक में स्वस्थ जीवन के तीन वरदानों को ‘एफ.टी.त्रिकोण’ के रूप में प्रस्तुत किया गया है। जिनकी उपयोगिता और स्वाभाविकता को संक्षिप्त में जानें
मोटापा यूँ तो आम समस्या है परंतु महिलाओं मेें इसके कुछ विशेष कारण हैं – गर्भावस्था: प्रत्येक महिला का गर्भ धारण के दौरान 10 से
हार्मोन ग्रंथियों द्वारा खून में स्रावित होनेवाला विशिष्ट प्राकृतिक कार्बनिक उत्पाद है, जो खून द्वारा शरीर के किसी भी हिस्से में पहुँचाया जा सकता है
बिना अलोपथी, वज़न आसानी से कम हुआ “सम्पूर्ण स्वास्थ्य शिविर” क्यों करना चाहिए? Holistic Health Retreat – Participant Feedback
प्राचीन भारत में नींबू अपने गुणकारी प्रभावों के कारण प्रयुक्त होता था। नींबू का हम रोज़ नियमित उपयोग करते हैं। इसे भोजन में, खास कर
आज की जीवनशैली के कारण मधुमेह, उच्च रक्तचाप, हृदय विकार जैसी बीमारियाँ के कारण गुर्दे के ऊपर बहुत बुरा असर हो रहा है। इसलिए गुर्दे
A kidney stone is a hard, crystalline mineral material formed within the kidney or urinary tract. Kidney stones are a common cause of blood in
चेहरे को चिकना सुंदर और दाग धब्बे रहित बनाने के लिए लोग कई तरह के कास्मेटिक्स का प्रयोग करते हैं। लेकिन कास्मेटिक्स के अधिक उपयोग
कुछ लोक दूसरों के मुकाबले ज्यादा जल्दी बीमार पड जाते हैं। इसकी सबसे मुख्य वजह होती है, ‘कमजोर इम्युनीटी’ यानी शरीर की ‘रोग प्रतिरोधक क्षमता
क्या निरामय यानी रोगमुक्त शरीर को स्वस्थ शरीर कहा जा सकता है? या यूँ कहे- ‘Is absence of any disease health?’ तो इसका उत्तर है
घने, लंबे बाल आज-कल की भागदौड़ी में एक सपने की तरह हैं। ऐसा सपना, जिसे पूरा करने में खूब मेहनत होती है। जरा सी लापरवाही
सामान्यतः होनेवाले जुकाम को कॉमन कोल्ड भी कहते हैं। कॉमन कोल्ड अकसर दूसरी बीमारियों से ज्यादा होता है। दरअसल यह गले और नाक के कई
महा आसमानी परंम ज्ञान शिबीर हर एक इन्सान, अपने जीवन में, हमेशा खुषी और संतुष्टी चाहता है। हर एक जन, आनंदित और शांतिमय जीवन, जीना
मिनी महाआसमानी शिविर करने से क्या लाभ हुआ? सुने Teenagers की जुबानी : आप विचारों को सही दिशा देकर, जीवन के सुंदर आयामों को वेलकम कर सकते
महाआसमानी परम ज्ञान शिविर करने से क्या लाभ हुआ? सुने खोजियों के जुबानी : नीव नाईंटी को मजबूत करने का सबसे बेहतरीन तरीका..!
Daily Online Yoga Class : रोज करें योग और रहो हमेशा निरोग..!Yoga for Health : स्वास्थ्य के लिए योग योग से करें युक्ति तो होगी
महाआसमानी परम ज्ञान शिविर करने से क्या लाभ हुआ? सुने खोजियों के जुबानी : जिस ज्ञान की तलाश आज तक कर रहा था वह
‘संपूर्ण स्वास्थ्य शिविर’ करने से क्या लाभ हुआ? सुने साधकों के जुबानी : डिप्रेशन से मुक्ति मिली..!
विशेषज्ञ बतातें हैं, किसी एक तेल के बजाय बदल-बदलकर और काँम्बिनेशन में तेल यूज करना चाहिए। इससे शरीर को एक साथ जरूरी फैट्स मिल जाते
बारीश राहत तो लाती है, लेकिन साथ ही लेकर आती है बीमारियां भी। थोडी-सी भी लापरवाही से सर्दी-जुकाम, वायरल बुखार हो सकता है। ऐसे
‘हाई ब्लडप्रेशर, जिसके लक्षण प्रायः कम दिखते हैं, खुद में एक खामोश खतरा होता है जो कई तरह से सेहत को नुकसान पहुंचाता है। यह
वैज्ञानिकों के मुताबिक जो लोग अपने आहार में शहद का इस्तेमाल करते हैं, वे अवसाद और तनाव की गिरफ्त से बच सकते हैं। इससे
भगवान धनवन्तरि के कथनानुसार नींबू ऐसा फल है जो पांव के अंगूठे से लेकर सिर के बाल तक तन के अंदर, बदन के बाहर,
जैसे सही मसाले आपके खाने के स्वाद को कई गुना बढा देते हैं। ठीक वैसे ही मसालों की प्रकृति के बारे में सही जानकारी, कई
नवरात्री व्रत के दौरान सारा दिन एनर्जी से भरपूर बने रहने के लिए लोग की तरह के हेल्दी और पौष्टिक चीजों का सेवन करते
लम्बे समय तक बैठने से भी हमारे शरीर में कुछ ऐसे परिवर्तन होने लगते हैं जो कि हानिकारक होते हैं। भले ही हम इन
क्या आपके पैरों में नियमित रूप से सूजन रहती हैं? ऐसी स्थिती में आपको बेहद सचेत रहने की जरूरत है। पैरो में सूजन के कई
बहेडा: बहेडे का तेल मधुर, ठंडा, बालों के लिए हितकारी और वामु तथा पित्त को दूर करने वाला होता है। बिनौला: बिनौले के तेल में विटामिन
छोटी-छोटी बातों को भूलना आम तौर पर बहुत ही सामान्य बात होती है, और कई बार इसका कारण व्यस्तता या लापरवाही होता
हमारी अनमोल आंखें हर वक्त धूल, मिट्टी, धुंआ, धूप और कीटाणुओं का सामना करती रहती हैं। इस कारण एलर्जी का खतरा बढ
प्रत्येक युवा की यह तमन्ना होती है कि उसकी भुजाए बलिष्ठ हों और चेहरे से ज्यादा आकर्षण पूरे शरीर में दिखे। इसके लिए वे तरह-तरह
केला विटामिन सी, पोटेशियम, शक्कर और रेशा प्राप्ति का उत्तम स्त्रोत है। शोधकर्ताओं ने कई गंभीर बीमारियों, जैसे डिप्रेशन, हैंगओवर, अल्सर और स्ट्रोक आदि से
आमतौर पर नींद न आने के कई कारण है। पर मानसिक परेशानी ओर चिंता इसके मुख्य कारण होते हैं। आप अच्छी तरह से जानते-समझते हैं
मजबूत हड्डियां, बेहतर रक्त संचारण, अच्छी शारीरिक क्षमता और तंदुरुस्त बदन, यह नतीजा है नियमित कसरत करने का। सवाल जहां आकर्षक दिखने का हो, वहां
अमरूद में विटामिन सी भरपूर मात्रा में पाया जाता हैं। यह बालों को दो मुंहा होने से बचाता हैं। अमरूद, आयरन के अवशेषण में भी
हमारे शरीर में भोजन तथा प्रदूषण की वजह से बहुत सारी गंदगी अंदर जाती हैं। शरीर अच्छे से काम करें, इसलिए हमें गंदगी से
बदलती जीवनशैली के चलते अक्सर लोग रात में देर से भोजन करते हैं। इससे कारण हार्मोन्स का संतुलन बिगड सकता हैं। इसकी वजह से मोटापे
एसीडिटी पेट में उपस्थित गैस्ट्रिक ग्रंथियों व्दारा अतिरिक्त अम्ल के स्त्राव को दर्शाता हैं। पेट में उपस्थित हाइड्रोक्लोरिक एसिड पाचन तंत्र के समुचित कार्य
हाल ही में अमेरिका में संसारभर से कई वैज्ञानिकों के संयुक्त अनुसंधान से यह निष्कर्ष निकलकर आया है, कि जो लोग अपना वजन मेंटेन
चकित्सा-विशेषज्ञों ने स्वस्थ एवं नीरोग रहने के लिए व्यायाम को आवश्यक बताया है। व्यायाम से यदि शरीर को सन्तुलित नहीं किया गया, तो भविष्य
न्यकैसल यूनिवर्सिटी के शोधकर्ताओं के अनुसार हमें गाजर काटकर पकाने के बजाय पकाकट काटना चाहिए। इससे गाजर में कैंन्सर रोधी तत्त्व फैल्सेरिनॉल की मात्रा
दांतों का एक बहुत ही प्रचलित रोग है, पायरिया। यह रोग आधुनिक सभ्यता की देन है। डिब्बों में बंद खाद्य पदार्थ, शक्कर, मैदा, पालिश
चुकंदर प्राकृतिक शुगर का स्त्रोत होता है, इससे सोडियम पोटेशिअम, फॉस्फोरस, क्लोरीन ,आयेडिन, आयरन और अन्य महत्वपूर्ण विटामिन पाए जाते हैं। चुकंदर से खून
हार्ट अटैक का भय ! ना घबरायें….! सहज सुलभ उपाय…99 प्रतिशत ब्लॉकेज को भी रिमुव कर देता है पीपल का पत्ता। पीपल के 15
नवीनतम शोधो से यह सामने आया है कि, मधुमेह और हृदय रोगो का प्रमुख कारण है, निष्क्रिय जीवनशैली। इसी कारण भारत में मधुमेह और हृदय
एक दिन में 24 घंटे होते हैं। प्रकृति के अनुसार दिन का समय कार्य के लिए एवं रात्रि का समय विश्राम के लिए
नेगेटिव सोच शरीर को अस्वस्थ बनाती है। प्रतिरोधक क्षमता को कम कर देती है। सकारात्मक सोच शरीर को स्वस्थ और तनावमुक्त रखती है। ज्यादा सोचने
आयुर्वेद में जीवन रक्षक औषधियों की भरमार है। लेकिन पहचान, प्रयोग विधि और लाभ संबंधी पूरी जानकारी न हो पाने के कारण हम प्रायः इनकी
नई दिल्ली, विश्व हृदय दिवस दुनिया भर में हर साल 26 सितम्बर को मनाया जाता है। भारत में अब कम उम्र के लोग भी इस
देखने में छोटा और स्वाद में कसैला आंवला हमारे स्वास्थ्य के लिए अत्यंत उपयोगी फल है, इसे गुणों के कारण ही इसे अमृत फल
दिखने में छोटी मुनक्का बहुत ही गुणकारी है। इसमें वसा की मात्रा नहीं के बराबर होती है। यह हल्की, सुपाच्च, नरम और स्वाद में मधुर
INTRODUCTION The basic principle of Interferential Therapy (IFT) is to utilize the significant physiological effects of low frequency (<250pps) electrical stimulation of nerves without the
Even a minor pain like a headache or a pain due to some injury or sprain makes our life miserable even if it stays for
What is yoga therapy ? Yoga is and always has been a holistic healing discipline that offers a broad range of tools for supporting